इच्छामृत्यु – एक विशलेष्णात्मक विधिक अध्ययन

Authors

  • Geeta Singh Researcher, Department of Sociology, Veerangana Avanti Bai Lodhi College, Patharia, Chhattisgarh, India

Keywords:

दया हत्या, इच्छामृत्यु, अच्छी मौत, सहायता प्राप्त मृत्यु, सम्मान के साथ मृत्यु, स्वैच्छिक इच्छामृत्यु, निष्क्रिय इच्छामृत्यु

Abstract

इचà¥à¤›à¤¾à¤®à¥ƒà¤¤à¥à¤¯à¥, जिसे कभी-कभी दया हतà¥à¤¯à¤¾ के रूप में भी जाना जाता है, भयानक और लाइलाज बीमारी या शारीरिक रूप से अकà¥à¤·à¤® करने वाले विकार से पीड़ित लोगों को बिना दरà¥à¤¦ के मौत की सज़ा देने या इलाज या कृतà¥à¤°à¤¿à¤® जीवन-समरà¥à¤¥à¤¨ उपायों के बिना मरने की अनà¥à¤®à¤¤à¤¿ देने का कारà¥à¤¯ या अभà¥à¤¯à¤¾à¤¸ है। à¤•à¥à¤¯à¥‹à¤‚कि अधिकांश कानूनी पà¥à¤°à¤£à¤¾à¤²à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ में इसके लिठकोई विशिषà¥à¤Ÿ पà¥à¤°à¤¾à¤µà¤§à¤¾à¤¨ नहीं है, इसलिठइसे आमतौर पर या तो आतà¥à¤®à¤¹à¤¤à¥à¤¯à¤¾ (यदि रोगी दà¥à¤µà¤¾à¤°à¤¾ सà¥à¤µà¤¯à¤‚ किया जाता है) या हतà¥à¤¯à¤¾ (यदि किसी अनà¥à¤¯ दà¥à¤µà¤¾à¤°à¤¾ किया जाता है) के रूप में देखा जाता है। à¤¬à¥€à¤¸à¤µà¥€à¤‚ शताबà¥à¤¦à¥€ के उतà¥à¤¤à¤°à¤¾à¤°à¥à¤§ में कई यूरोपीय देशों में अपने आपराधिक कानूनों में उदार सजा और इचà¥à¤›à¤¾à¤®à¥ƒà¤¤à¥à¤¯à¥ की कारà¥à¤¯à¤µà¤¾à¤¹à¥€ में परिसà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ को कम करने पर विचार करने के लिठअदà¥à¤µà¤¿à¤¤à¥€à¤¯ पà¥à¤°à¤¾à¤µà¤§à¤¾à¤¨ थे। नीदरलैंड और बेलà¥à¤œà¤¿à¤¯à¤® कà¥à¤°à¤®à¤¶à¤ƒ 2001 और 2002 में इचà¥à¤›à¤¾à¤®à¥ƒà¤¤à¥à¤¯à¥ को वैध बनाने वाले पहले देश थे। à¤¤à¤•नीकी तरीकों के माधà¥à¤¯à¤® से जीवन का विसà¥à¤¤à¤¾à¤° करने की आधà¥à¤¨à¤¿à¤• चिकितà¥à¤¸à¤¾ पदà¥à¤§à¤¤à¤¿ की कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ ने यह सवाल उठाया है कि तीवà¥à¤° शारीरिक या भावनातà¥à¤®à¤• दरà¥à¤¦ के समय में चिकितà¥à¤¸à¤• और परिवार के लिठकौन सी कारà¥à¤°à¤µà¤¾à¤ˆ सà¥à¤²à¤­ होनी चाहिà¤, खासकर यदि रोगी अपने निरà¥à¤£à¤¯ लेने में असमरà¥à¤¥ हो। . à¤œà¥€à¤µà¤¨ को लमà¥à¤¬à¤¾ करने के लिठनिषà¥à¤•à¥à¤°à¤¿à¤¯ रूप से कà¥à¤› नहीं करने या जीवन-सहायता उपायों को वापस लेने के लिठचिकितà¥à¤¸à¤•ों के खिलाफ आपराधिक आरोप लगाठगठहैं; à¤¦à¥‚सरी ओर, कोमा में पड़े और जाहिर तौर पर लाइलाज मरीजों के परिवारों ने चिकितà¥à¤¸à¤¾ पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤·à¥à¤ à¤¾à¤¨ के खिलाफ कानूनी कारà¥à¤°à¤µà¤¾à¤ˆ की है ताकि उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ असाधारण जीवन समरà¥à¤¥à¤¨ का उपयोग बंद करने के लिठमजबूर किया जा सके।

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Published

2024-03-16